विधानसभा में विधायक कंचन तनवे के सवालों पर मंत्रियों के जवाब, जिले की व्यवस्था से जुड़े कई तथ्य आए सामने।
खंडवा। मध्यप्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र में खंडवा विधायक कंचन मुकेश तनवे ने जिले की पंचायत व्यवस्था, स्वास्थ्य सुविधाओं, शिक्षा व्यवस्था और ग्रंथपालों के समयमान वेतनमान से जुड़े चार महत्वपूर्ण प्रश्न सरकार के समक्ष रखे। इन पर संबंधित मंत्रियों ने लिखित उत्तर देकर स्थिति स्पष्ट की। समाजसेवी व प्रवक्ता सुनील जैन ने बताया कि निर्वाचित जनप्रतिनिधि का दायित्व होता है कि अपने क्षेत्र के विकास के साथ आम जन की समस्याओं का निराकरण करना। खंडवा विधायक कंचन मुकेश द्वारा विधायक बनने के बाद लगातार विधानसभा क्षेत्र के चौमुखी विकास के साथ आमजन की समस्याओं का निराकरण भी किया जा रहा है। विधानसभा में भी विधानसभा क्षेत्र के विकास के लिए मुख्यमंत्री से लेकर अलग-अलग विभाग के मंत्रियों से मुलाकात कर कार्यों को स्वीकृत कराना एवं विधानसभा में समस्याओं के प्रश्न लगाकर उनका निराकरण खंडवा विधायक कंचन मुकेश तनवे द्वारा करवाया जा रहा हें। प्रवक्ता सुनील जैन ने बताया कि विधानसभा सत्र के दौरान विधायक श्रीमती तनवे ने कई प्रश्न किए जिनका उत्तर संबंधित मंत्रियों द्वारा दिया गया
पंचायत विभाग पर विधायक का प्रश्न
विधायक कंचन तनवे ने पूछा कि खंडवा जिले की जिला पंचायत एवं जनपद पंचायतों में सचिवों सहित अन्य नियमित एवं संविदा पदों में कितने पद रिक्त हैं? क्या रिक्त पदों के कारण कई पंचायतों में कर्मचारियों को डबल प्रभार दिया गया है, जिससे जनहित की योजनाएं प्रभावित हो रही हैं? साथ ही रिक्त पद कब तक भरे जाएंगे और अनुकंपा नियुक्ति के कितने प्रकरण लंबित हैं?
मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल का उत्तर:
मंत्री ने बताया कि जिले में स्वीकृत 1100 पदों में से 763 पद भरे हुए हैं, जबकि 337 पद रिक्त हैं। अनुकंपा नियुक्ति के 10 प्रकरण लंबित हैं। रिक्त पदों की पूर्ति नियमानुसार की जा रही है, लेकिन इसकी कोई निश्चित समय-सीमा तय नहीं की जा सकती।
2. स्वास्थ्य विभाग पर विधायक का प्रश्न
प्रवक्ता सुनील जैन ने बताया कि अस्पताल की समस्याओं को लेकर भी विधायक कंचन तनवे ने पूछा कि खंडवा जिला अस्पताल में न्यूरोलॉजिस्ट, कार्डियोलॉजिस्ट, नेफ्रोलॉजिस्ट सहित विशेषज्ञ चिकित्सकों के कितने पद स्वीकृत एवं रिक्त हैं? क्या जिले में 1100 बिस्तरीय शैक्षणिक अस्पताल स्थापित करने का कोई प्रस्ताव सरकार के विचाराधीन है?
उपमुख्यमंत्री एवं स्वास्थ्य मंत्री राजेंद्र शुक्ल का उत्तर:
उन्होंने बताया कि वर्तमान मानकों के अनुसार जिला अस्पताल में न्यूरोलॉजिस्ट, नेफ्रोलॉजिस्ट और कार्डियोलॉजिस्ट के पद स्वीकृत ही नहीं हैं। 400 बिस्तरीय अस्पताल में एनेस्थीसिया विशेषज्ञ के तीन स्वीकृत पदों में से दो भरे हुए हैं। 1100 बिस्तरीय अस्पताल का कोई प्रस्ताव फिलहाल विभाग में लंबित नहीं है।
3. शिक्षा विभाग पर विधायक का प्रश्न
विधायक ने पूछा कि पिछले दो वर्षों में खंडवा विधानसभा क्षेत्र में कितने नए शासकीय और अशासकीय विद्यालय खोले गए? कितने अतिरिक्त कक्ष, कंप्यूटर लैब और शौचालय स्वीकृत किए गए तथा कितने निर्माण कार्य पूरे हुए?
स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह का उत्तर:
मंत्री ने बताया कि पिछले दो वर्षों में एक भी नया शासकीय विद्यालय नहीं खोला गया, जबकि 26 नए निजी विद्यालय शुरू हुए हैं। किसी भी शासकीय विद्यालय में नया अतिरिक्त कक्ष या कंप्यूटर लैब स्वीकृत नहीं हुई। जिले की 186 शालाओं में शौचालय उपलब्ध हैं तथा 29 शालाओं में शौचालयों की मरम्मत कराई गई है।
4. ग्रंथपालों के समयमान वेतनमान पर विधायक का प्रश्न
विधायक ने पूछा कि हायर सेकेंडरी विद्यालयों में पदस्थ ग्रंथपालों को समयमान वेतनमान एवं क्रमोन्नति का लाभ कितने वर्षों की सेवा पूर्ण करने पर दिया जाता है?
स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह का उत्तर:
उन्होंने बताया कि उच्च वेतनमान वाले ग्रंथपालों को 10 एवं 20 वर्ष तथा निम्न वेतनमान वाले ग्रंथपालों को 12 एवं 24 वर्ष की सेवा पूर्ण होने पर समयमान वेतनमान एवं क्रमोन्नति का लाभ दिए जाने का प्रावधान है।










